Jayati Jai Gayatri Mata, Jayati Jai Jayati Mata। Sat Maraga Para Hamen Chalao, Jo Hai Sukhadata॥ Jayati Jai Gayatri Mata…। Adi Shakti Tuma Alakha Niranjana Jaga Palana Kartri। Dukha, Shoka, […]
Om Jai Ekadashi, Jai Ekadashi, Jai Ekadashi Mata। Vishnu Puja Vrat Ko Dharan Kar, Shakti Mukti Pata॥ Om Jai Ekadashi…॥ Tere Naam Ginau Devi, Bhakti Pradan Karni। Gan Gaurav Ki […]
Ambe Tu Hai Jagadambe Kali, Jai Durge Khappara Wali, Tere Hi Guna Gaven Bharati, O Maiya Hama Saba Utare Teri Aarti। O Maiya Hama Saba Utare Teri Aarti॥ Tere Bhakta […]
Jai Vaishnavi Mata, Maiya Jai Vaishnavi Mata। Hatha Joda Tere Age, Aarti Main Gata॥ Shisha Pe Chhatra Viraje, Muratiya Pyari। Ganga Bahati Charanana, Jyoti Jage Nyari॥ Brahma Veda Padhe Nita […]
Jai Santoshi Mata, Maiya Jai Santoshi Mata। Apane Sewak Jana Ko, Sukha Sampatti Data॥ Jai Santoshi Mata॥ Sundar Cheer Sunahari Maa Dharan Kinho। Heera Panna Damake, Tana Shringara Kinho॥ Jai […]
Jai Ambe Gauri, Maiya Jai Shyama Gauri। Tumako Nishidina Dhyawata, Hari Brahma Shivari॥ Jai Ambe Gauri Manga Sindura Virajata, Tiko Mrigamada Ko। Ujjavala Se Dou Naina, Chandravadana Niko॥ Jai Ambe […]
Om Jai Narsingh Hare, Prabhu Jai Narsingh Hare। Stambh Phad Prabhu Prakate, Stambh Phad Prabhu Prakate, Jan Ka Taap Hare॥ Om Jai Narsingh Hare॥ Tum Ho Deen Dayala, Bhaktan Hitakari,Prabhu […]
Ambe Tu Hai Jagadambe Kali, Jai Durge Khappara Wali, Tere Hi Guna Gaven Bharati,O Maiya Hama Saba Utare Teri Aarti। O Maiya Hama Saba Utare Teri Aarti॥ Tere Bhakta Jano […]
Om Jai Shiv Omkara, Swami Jai Shiv Omkara। Brahma, Vishnu, Sadashiv,Ardhangi Dhara॥ Om Jai Shiv Omkara॥ Ekanan Chaturanan Panchanan Raje। Hansanan, Garudasan Vrishvahan Saje॥ Om Jai Shiv Omkara॥ Do Bhuj, […]
Gale Mein Baijanti Mala, Bajave Murali Madhur Bala। Shravan Mein Kundal Jhalakala, Nand Ke Anand Nandlala। Gagan Sam Ang Kanti Kali, Radhika Chamak Rahi Aali। Latan Mein Thadhe Banamali ; […]
Shri Rama Chandra Kripalu Bhajuman, Haran Bhavbhay Darunam। Nav Kanj Lochan, kanj Mukh KarKanj Pad Kanjarunam॥ Shri Rama Chandra Kripalu Bhajuman…॥ Kandarp Aganit Amit Chhavi, Nav Neel Neerad Sundaram। Pat […]
Aarti Kije Hanuman Lala Ki । Dusht Dalan Ragunath Kala Ki॥ Jake Bal Se Girivar Kaanpe । Rog Dosh Ja Ke Nikat Na Jhaanke॥ Anjani Putra Maha Baldaaee । Santan […]
Jai Ganesh, Jai Ganesh,Jai Ganesh Deva। Mata Jaki Parvati,Pita Mahadeva॥ x2 Ekadanta Dayavanta,Char Bhujadhaari। Mathe Par Tilak Sohe,Muse Ki Savari॥ x2 (Mathe Par Sindoor Sohe,Muse Ki Savari॥ x2) Paan Charhe, Phool Charhe,Aur […]
॥ दोहा ॥ विश्वेश्वर-पदपदम की,रज-निज शीश-लगाय। अन्नपूर्णे! तव सुयश,बरनौं कवि-मतिलाय॥ ॥ चौपाई ॥ नित्य आनन्द करिणी माता । वर-अरु अभय भाव प्रख्याता॥ जय! सौंदर्य सिन्धु जग-जननी । अखिल पाप हर […]
॥ दोहा ॥ जय गिरी तनये दक्षजे,शम्भु प्रिये गुणखानि। गणपति जननी पार्वती,अम्बे! शक्ति! भवानि॥ ॥ चौपाई ॥ ब्रह्मा भेद न तुम्हरो पावे । पंच बदन नित तुमको ध्यावे॥ षड्मुख कहि […]
॥ दोहा ॥ गरुड़ वाहिनी वैष्णवी,त्रिकुटा पर्वत धाम। काली, लक्ष्मी, सरस्वती,शक्ति तुम्हें प्रणाम॥ ॥ चौपाई ॥ नमो: नमो: वैष्णो वरदानी । कलि काल मे शुभ कल्याणी॥ मणि पर्वत पर ज्योति […]
॥ दोहा ॥ जय जय सीताराम के,मध्यवासिनी अम्ब। देहु दर्श जगदम्ब,अब करो न मातु विलम्ब॥ जय तारा जय कालिका,जय दश विद्या वृन्द। काली चालीसा रचत,एक सिद्धि कवि हिन्द॥ प्रातः काल […]
॥ दोहा ॥ नमो नमो विन्ध्येश्वरी,नमो नमो जगदम्ब। सन्तजनों के काज में,माँ करती नहीं विलम्ब॥ ॥ चौपाई ॥ जय जय जय विन्ध्याचल रानी । आदि शक्ति जग विदित भवानी॥ सिंहवाहिनी […]
॥ दोहा ॥ जय जय तुलसी भगवती,सत्यवती सुखदानी। नमो नमो हरि प्रेयसी,श्री वृन्दा गुन खानी॥ श्री हरि शीश बिरजिनी,देहु अमर वर अम्ब। जनहित हे वृन्दावनी,अब न करहु विलम्ब॥ ॥ चौपाई […]
॥ दोहा ॥ जनक जननि पद कमल रज,निज मस्तक पर धारि। बन्दौं मातु सरस्वती,बुद्धि बल दे दातारि॥ पूर्ण जगत में व्याप्त तव,महिमा अमित अनंतु। रामसागर के पाप को,मातु तुही अब […]
॥ दोहा ॥ जय जय श्री महालक्ष्मी,करूँ मात तव ध्यान। सिद्ध काज मम किजिये,निज शिशु सेवक जान॥ ॥ चौपाई ॥ नमो महा लक्ष्मी जय माता । तेरो नाम जगत विख्याता॥ […]
॥ दोहा ॥ ह्रीं श्रीं क्लीं मेधा प्रभा,जीवन ज्योति प्रचण्ड। शान्ति कान्ति जागृत प्रगति,रचना शक्ति अखण्ड॥ जगत जननी मङ्गल करनि,गायत्री सुखधाम। प्रणवों सावित्री स्वधा,स्वाहा पूरन काम॥ ॥ चौपाई ॥ भूर्भुवः […]
॥ दोहा ॥ देवि पूजिता नर्मदा,महिमा बड़ी अपार। चालीसा वर्णन करत,कवि अरु भक्त उदार॥ इनकी सेवा से सदा,मिटते पाप महान। तट पर कर जप दान नर,पाते हैं नित ज्ञान॥ ॥ […]
॥ दोहा ॥ श्री गणपति पद नाय सिर,धरि हिय शारदा ध्यान। सन्तोषी मां की करुँ,कीरति सकल बखान॥ ॥ चौपाई ॥ जय संतोषी मां जग जननी । खल मति दुष्ट दैत्य […]
॥ दोहा ॥ श्री राधे वृषभानुजा,भक्तनि प्राणाधार। वृन्दावनविपिन विहारिणी,प्रणवों बारंबार॥ जैसो तैसो रावरौ,कृष्ण प्रिया सुखधाम। चरण शरण निज दीजिये,सुन्दर सुखद ललाम॥ ॥ चौपाई ॥ जय वृषभान कुँवरि श्री श्यामा । […]
॥ दोहा ॥ जय काली जगदम्ब जय,हरनि ओघ अघ पुंज। वास करहु निज दास के,निशदिन हृदय निकुंज॥ जयति कपाली कालिका,कंकाली सुख दानि। कृपा करहु वरदायिनी,निज सेवक अनुमानि॥ ॥ चौपाई ॥ […]
॥ दोहा ॥ जय-जय माता शीतला,तुमहिं धरै जो ध्यान। होय विमल शीतल हृदय,विकसै बुद्धि बलज्ञान॥ ॥ चौपाई ॥ जय-जय-जय शीतला भवानी । जय जग जननि सकल गुणखानी॥ गृह-गृह शक्ति तुम्हारी […]
॥ दोहा ॥ जय जय जय जग पावनी,जयति देवसरि गंग। जय शिव जटा निवासिनी,अनुपम तुंग तरंग॥ ॥ चौपाई ॥ जय जय जननी हराना अघखानी । आनंद करनी गंगा महारानी॥ जय […]
॥ दोहा ॥ मातु लक्ष्मी करि कृपा,करो हृदय में वास। मनोकामना सिद्ध करि,परुवहु मेरी आस॥ ॥ सोरठा ॥ यही मोर अरदास,हाथ जोड़ विनती करुं। सब विधि करौ सुवास,जय जननि जगदम्बिका। […]
॥ चौपाई ॥ नमो नमो दुर्गे सुख करनी । नमो नमो अम्बे दुःख हरनी॥ निराकार है ज्योति तुम्हारी । तिहूँ लोक फैली उजियारी॥ शशि ललाट मुख महाविशाला । नेत्र लाल […]
॥ दोहा ॥ बन्दहुँ वीणा वादिनी,धरि गणपति को ध्यान। महाशक्ति राधा सहित,कृष्ण करौ कल्याण॥ सुमिरन करि सब देवगण,गुरु पितु बारम्बार। बरनौ श्रीगिरिराज यश,निज मति के अनुसार॥ ॥ चौपाई ॥ जय […]
॥ दोहा ॥ श्री गुरु चरण सरोज छवि,निज मन मन्दिर धारि। सुमरि गजानन शारदा,गहि आशिष त्रिपुरारि॥ बुद्धिहीन जन जानिये,अवगुणों का भण्डार। बरणों परशुराम सुयश,निज मति के अनुसार॥ ॥ चौपाई […]
॥ दोहा ॥ विष्णु सुनिए विनय,सेवक की चितलाय। कीरत कुछ वर्णन करूँ,दीजै ज्ञान बताय॥ ॥ चौपाई ॥ नमो विष्णु भगवान खरारी । कष्ट नशावन अखिल बिहारी॥ प्रबल जगत में […]
॥ चौपाई ॥ श्री रघुबीर भक्त हितकारी । सुनि लीजै प्रभु अरज हमारी॥ निशि दिन ध्यान धरै जो कोई । ता सम भक्त और नहीं होई॥ ध्यान धरें शिवजी […]
॥ दोहा ॥ बंशी शोभित कर मधुर,नील जलद तन श्याम। अरुण अधर जनु बिम्बा फल,पिताम्बर शुभ साज॥ जय मनमोहन मदन छवि,कृष्णचन्द्र महाराज। करहु कृपा हे रवि तनय,राखहु जन की […]
॥ दोहा ॥ जय गणेश गिरिजा सुवन,मंगल करण कृपाल। दीनन के दुःख दूर करि,कीजै नाथ निहाल॥ जय जय श्री शनिदेव प्रभु,सुनहु विनय महाराज। करहु कृपा हे रवि तनय,राखहु जन की […]
॥ दोहा ॥ जय गणपति सदगुण सदन,कविवर बदन कृपाल। विघ्न हरण मंगल करण,जय जय गिरिजालाल॥ ॥ चौपाई ॥ जय जय जय गणपति गणराजू । मंगल भरण करण शुभः काजू॥ […]
॥ दोहा ॥ श्री गुरु चरन सरोज रज,निज मनु मुकुर सुधारि। बरनउं रघुबर विमल जसु,जो दायकु फल चारि॥ बुद्धिहीन तनु जानिकै,सुमिरौं पवन-कुमार। बल बुद्धि विद्या देहु मोहिं,हरहु कलेश विकार॥ […]
॥ Doha ॥ Jai Ganesh Girija Suvan, Mangal Mul Sujan | Kahat Ayodhya Das Tum, Deo Abhay Varadan || ॥ Chaupai॥ Jai Girija Pati Dinadayala | Sada karat santan […]